सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

hariyalo rajasthan अभियान राजस्थान ! जाने

हरियालो राजस्थान योजना राजस्थान सरकार की एक महत्वाकांक्षी परियोजना है, जिसका उद्देश्य राज्य को हरित और सुंदर बनाना है। इस योजना के तहत, राज्य सरकार वृक्षारोपण, जल संचयन और अन्य पर्यावरण संबंधी कार्यों पर ध्यान केंद्रित कर रही है। *मुख्य उद्देश्य:* - राज्य में वृक्षारोपण को बढ़ावा देना और वन क्षेत्र को बढ़ाना - जल संचयन और जल संरक्षण को प्रोत्साहित करना - पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण के लिए काम करना - राज्य को सुंदर और हरित बनाना *कार्यक्रम और गतिविधियाँ:* - वृक्षारोपण अभियान: राज्य सरकार वृक्षारोपण अभियान चला रही है, जिसमें लोगों को वृक्षारोपण के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। - जल संचयन: राज्य सरकार जल संचयन के लिए विभिन्न कार्यक्रम चला रही है, जैसे कि वर्षा जल संचयन और जल संरक्षण। - पर्यावरण संरक्षण: राज्य सरकार पर्यावरण संरक्षण के लिए काम कर रही है, जैसे कि प्रदूषण नियंत्रण और वन संरक्षण। *लाभ:* - राज्य को हरित और सुंदर बनाने में मदद मिलेगी - पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण में मदद मिलेगी - जल संचयन और जल संरक्षण में मदद मिलेगी - लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागर...

राजस्थान में महिला शिक्षा हेतु योजनाएं

राजस्थान सरकार ने महिलाओं और लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। इनमें से कुछ प्रमुख योजनाएं निम्नलिखित हैं:

*महिला शिक्षा योजनाएं*

- *लाडो प्रोत्साहन योजना (राजश्री योजना)*: इस योजना के तहत, बालिका के जन्म से लेकर स्नातक उत्तीर्ण करने तक 7 चरणों में 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है।
    - जन्म पर: 2500 रुपये
    - टीकाकरण के बाद: 2500 रुपये
    - कक्षा 1 में प्रवेश पर: 4000 रुपये
    - कक्षा 6 में प्रवेश पर: 5000 रुपये
    - कक्षा 10 में प्रवेश पर: 11,000 रुपये
    - कक्षा 12 में प्रवेश पर: 25,000 रुपये
    - स्नातक पास करने पर: 50,000 रुपये
- *कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना*: इस योजना के तहत, राजकीय विद्यालयों में अध्ययनरत 10वीं और 12वीं की छात्राओं को निःशुल्क स्कूटी वितरित की जाती है, जिन्होंने 65% या अधिक अंक प्राप्त किए हैं।
- *बालिका शिक्षा प्रोत्साहन योजना*: इस योजना के तहत, प्रतिभाशाली बालिकाओं को प्रोत्साहन राशि के रूप में वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है, जो कक्षा 10 में 75% या अधिक अंक प्राप्त करती हैं।
- *गार्गी पुरस्कार योजना*: इस योजना के तहत, माध्यमिक शिक्षा बोर्ड राजस्थान द्वारा आयोजित माध्यमिक एवं प्रवेशिका परीक्षा में 75% या अधिक अंक प्राप्त करने वाली बालिकाओं को वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।
- *इन्दिरा प्रियदर्शिनी पुरस्कार*: इस योजना के तहत, कक्षा 8, 10 और 12 में प्रत्येक जिले में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली बालिकाओं को वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।
- *मुख्यमंत्री हमारी बेटी योजना*: इस योजना के तहत, राजकीय विद्यालयों में अध्ययनरत बालिकाओं को व्यावसायिक शिक्षा या प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।
- *एकल नारी पेंशन योजना*: इस योजना के तहत, विधवा, परित्यक्ता या तलाकशुदा महिलाओं को पेंशन प्रदान की जाती है, जिनकी आय 48,000 रुपये प्रति वर्ष से कम है

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

सापेक्ष वेग , सापेक्ष गति से क्या तातपर्य है ?? : infinity Studies

----------- सापेक्ष वेग , सापेक्ष गति --- रात में गाड़ी चलाते समय चकाचोंध ( On Highway ) ??   -- कोई गतिमान वस्तु हमे गतिमान दिखती है जब हम स्थिर होते है या उस वस्तु के वेग से कम वेग से गतिमान होते है तो वस्तु हमसे ज्यादा वेग से गतिमान होती प्रतीत होती है और वो हमसे आगे जाती दिखाई देती है , और यदि हम उस वस्तु से ज्यादा वेग से गतिमान होते है तो वह वस्तु हम से पीछे जाती हुई दिखती है । यह हमे सापेक्ष गति से दिखाई देती है। ये वस्तु सापेक्ष गतिमान होती है। space Discovery's यदि कोई कार में बेठे व्यक्ति है और हम बस में बेठे है और दोनों गतिमान है तब 3 परिस्तिथि हो सकती है: 1. आगे जाती हुई दिखाई देगी कार - अगर बस का वेग कार के वेग से कम है तो बस का कार से पीछे हो जायगे और कार में बेठे व्यक्ति पीछे जाते हुए दिखेगे। 2. आगे जाती हुई बस - अगर बस का वेग कार के वेग से ज्यादा है तो बस में बेठे व्यक्ति कार में बेठे व्यक्ति को आगे जाते हुए दिखाई देते है । 3 . कार और बस समान वेग से गतिमान है - अगर कार और बस का वेग समान है तो कार और बस में बेठे व्यक्ति एक दूसरे को स्थिर प्रतीत दिखाई द...

क्यों तैरते है पानी में जहाज़ : science facts

      विज्ञान की दुनिया अनोखी और रोचक है , आप इसके बारे में जितना जानो कम ही है ।      जहाज़ इतने बड़े और लोहे के बने होते है और इनका वजन कई टन में होता है लेकिन आप देखते है ये नदी हो य...

गुरुत्वाकर्षण क्या है : भारत में गुरुत्वाकर्षण के खिलाफ पहाड़ी पर ऊपर बहता पानी

गुरुत्व आकर्षण नाम से ही स्पष्ट है की ' धरती के गुरुत्व के कारण आकर्षण' किन्ही दो वस्तुओ के बिच में आकषर्ण होता है यह उनके द्रव्यमान और उनके बिच की दुरी पर निर्भर करता है,    गुरुत्व के आकर्षण के कारन ही हमे भार महसूस होता है यह हमारे द्रव्यमान और गुरुत्वीय त्वरण 'g' पर निर्भर होता है इसका मान अलग अलग होता है और स्तिथि की सापेक्ष यह बदल जाता है उचाई और गहराई दोनों स्थितियों में यह बढ ज्यादा है, हमारे धरती का गुरतविय त्वरण अलग है और चाँद का अलग है इसी कारन चाँद पर स्तिथ व्यक्ति का भार धरति पर बेठे व्यक्ति की तुलना में 1/6 गुना कम होता है अब बात आती है धरती में क्या कहि पर गुरुत्वाकर्षण शून्य या कम हो सकता है तो केई भौगोलिक स्थितियों के कारन केइ जगह ये स्थितियों बन जाती है वहा पर गुरत्व कम या नगण्य हो जाए तो व्यक्ति हल्का महसूस करता है भारत में हिमाचल में उल्टा पानी जगह है वहाँ पर पानी की धरा उलटी बहती परतीत होती है वास्तव में यह हमारी आखो का भृम होता है क्योकि जहाँ हम होते है वहा से हमे पहाड़ पर चढ़ाई प्रतीत होती है लेकिन वास्तव में वह ढाल होती है ये पहाड़ी इलाको...